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‘उत्तराखंड में आईटी सेक्टर, ऑटोमोबाइल और टेक्सटाइल में गुजराती निवेश की संभावनाएं’

भगवान शिव गुजरात और उत्तराखंड को आपस में जोड़ते हैं : सीएम त्रिवेंद्र

उत्तराखंड सरकार की तरफ से देहरादून में सात और आठ अक्टूबर 2018 को आयोजित होने वाले ‘डेस्टिनेशन उत्तराखंड: इन्वेस्टर्स समिट’ के सबंध में शुक्रवार को गुजरात के अहमदाबाद में एक रोड शो किया गया।

यह रो़डशो उत्तराखंड में आयोजित होने वाला पहला निवेशक सम्मेलन होगा, जिसका आयोजन देहरादून में किया जा रहा है। इस आयोजन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत इस रोड शो में शामिल हुए और उन्होंने गुजरात के प्रमुख व्यवसायियों से मुलाकात भी की। इसके साथ साथ सीएम ने उन्हें सात-आठ अक्टूबर को होने वाली उत्तराखंड इन्वेस्टर्स समिट में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया।

मुख्यमंत्री रावत ने भगवान सोमनाथ की धरती के व्यवसायियों को बाबा केदारनाथ की धरती पर निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा,” उत्तराखंड और गुजरात का आपस में विशेष रिश्ता है। गुजरात में बाबा सोमनाथ तो उत्तराखंड में बाबा केदारनाथ है। भगवान शिव गुजरात और उत्तराखंड को आपस में जोड़ते है।”

” हम द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक भगवान सोमनाथ की धरती को 12वें ज्योतिर्लिंग बाबा केदारनाथ की धरती से साथ जोड़ना चाहते हैं। यह न सिर्फ व्यापारिक रिश्ता है, बल्कि सांस्कृतिक विरासतों को एकजुट करने की पहल भी है। अगर उत्तराखंड और गुजरात दोनो आपस में मिलकर कार्य करें,तो दोनों प्रदेशों के साथ-साथ देश को भी लाभ होगा।”  सीएम रावत ने आगे बताया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में संसाधनों की प्रचुरता और निवेश के लिए माहौल में आप अवश्य निवेश के इच्छुक होंगे। कृषि, बागवानी व संबंधित क्षेत्रों के अलावा आईटी सेक्टर, ऑटोमोबाइल, टेक्सटाइल, व मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में भी उत्तराखंड उनके लिए हॉट डेस्टिनेशन बन सकता है।

डेस्टिनेशन उत्तराखंड: इन्वेस्टर्स समिट 2018

उत्तराखंड सरकार राज्य की तरफ से चिन्हित 12 प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों से जुड़े सभी विभागों के समन्वय में 7-8 अक्टूबर, 2018 को ‘उत्तराखंड इन्वेस्टर्स समिट 2018’ का आयोजन कर रही है।

उद्योग निदेशालय में स्थित निवेश संवर्धन एवं सुविधा केन्द्र आयोजन के सचिवालय के तौर पर काम कर रहा है। यह एक विशाल आयोजन होगा जिसमें वैश्विक व्यावसायिक पारितंत्र से निवेशकों, विनिर्माताओं, उत्पादकों, नीति निर्धारकों और संगठनों का समूह एकत्र होगा।

इस समिट में, राज्य में औद्योगिक विकास की गति तेज करने के लिए मुख्य रूप से 12 फोकस सेक्टरों पर केंद्रण किया जायेगा जिनमें खाद्य प्रसंस्करण, बागवानी एवं फूलों की खेती, हर्बल एवं एरोमैटिक, पर्यटन एवं आतिथ्य, तंदुरुस्ती एवं आयुष, औषधि, आॅटोमोबाइल, कुदरती रेशे, सूचना प्रौद्योगिकी, अक्षय ऊर्जा, जैव प्रौद्योगिकी एवं फिल्म शूटिंग सम्मिलित हैं। इससे घरेलू और विदेशी दोनों तरह के निवेशकों को इन क्षेत्रों में निवेश और व्यापार के अवसर उपलब्ध होंगे।

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