राष्ट्रीयMain Slideतकनीकी

मिराज 2000 : पाकिस्तान को कांपने पर मजबूर कर देने वाले इस विमान का पुरजा-पुरजा जानिए

भारतीय वायुसेना ने मंगलवार सुबह साढ़े 3 बजे 12 मिराज 2000 भारतीय लड़ाकू जेट विमानों ने pok के पार जाकर आतंकवादी कैंपों को उड़ा दिया।

जिससे अधिकतर आतंकी ठिकाने पूरी तरह बर्बाद हो गए। आपको बता दें कि भारतीय वायुसेना ने बड़ी कार्रवाई के लिए 12 मिराज लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल किया है।

सूत्रों का कहना है कि वायुसेना के हवाई हमलों में एलओसी के पार बालाकोट, चाकोटी और मुजफ्फराबाद में आतंकी लॉन्च पैड्स पूरी तरह से नष्ट हो गए। भारतीय सेना द्वारा जैश-ए-मोहम्मद का कंट्रोल रूम भी नष्ट कर दिया गया है।

मिराज 2000 की खासियत
मिराज 2000 की खासियत ( फोटो – गूगल )

आइए जानते हैं मिराज 2000 की खासियत

मिराज 2000 का निर्माण डासो एविएशन ने किया है। यह वही कंपनी ने जिसने राफेल का निर्माण किया है, जिसका सौदा हाल ही में प्रधानमन्त्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस से किया है। फ्रांस की डासो ने मिराज 2000 का निर्माण मिराज III को रिप्लेस करने के लिए किया था। इसका निर्माण एक हल्के फाइटर जेट के रूप में हुआ है।

पहली बार 1970 में उड़ान भरने वाला मिराज 2000 फ्रेंच मल्टीरोल, सिंगल इंजन चौथी पीढ़ी का फाइटर जेट है। ये फाइटर जेट विभिन्न देशों में सेवा दे रहा है। इस विमान को विभिन्न वेरिएंट के रूप में विकसित किया गया है। बाद में इस जेट का मिराज 2000 एन और मिराज 2000 डी स्क्राइक वेरिएंट भी जारी किया गया। विमान में समय समय पर विभिन्न बदलाव किए गए हैं।

अब तक 600 मिराज 2000 विमानों का निर्माण हो चुका है और लगभग 9 देशों में ये विमान अपनी सेवा दे रहे हैं। मिराज लड़ाकु विमान DEFA 554 ऑटोकैन से लैस है, जिसमें 30 मिमी रिवॉल्वर प्रकार के तोप हैं। तोपों में 1200 से लेकर 1800 राउंड प्रति मिनट आग की दर है। अक्टूबर 1982 में भारत ने 36 सिंगल सीटर सिलेंडर मिराज 2000 एचएस और 4 ट्वीन सीटर मिराज 2000 टीएसएस का ऑर्डर दिया था।

रिपोर्ट – मानसी शुक्ला
Tags
Show More

Related Articles

Back to top button
Close